Show notes
हर बार बाहर निकलने के लिए हमें नई साड़ी या नई टॉप की ही जरूरत क्यों होती है? क्या पुराने कपड़े हमें असहज महसूस करवाते हैं? या बस एक-दूसरे की देखा देखी हमने अपने मन को छोटा और वॉर्डरोब को बड़ा बना लिया है। अपने आस-पास हमने इतना सामान जुटा लिया कि जीवन की असल खुशियां क्या हैंं हम इसे ही भूलने लगे थे। मजबूरी में ही सही कोरोनावायरस ने हमें मिनिमलिस्टिक लिविंग की तरफ वापस मुड़ कर देखने और व्यवहार में लाने को प्रेरित किया।



