परमेश्वर की धार्मिकता जो रोमियों में प्रगट हुई - हमारा प्रभु जो परमेश्वर की धार्मिकता बना (II)
परमेश्वर की धार्मिकता जो रोमियों में प्रगट हुई - हमारा प्रभु जो परमेश्वर की धार्मिकता बना (II)
The New Life Mission
Ch13. परमेश्वर की धार्मिकता के लिए जिए
9 minutes Posted Dec 8, 2022 at 6:51 am.
0:00
9:28
Download MP3
Show notes

रोमियों १३:१ कहता है, “हर एक व्यक्‍ति शासकीय अधिकारियों के अधीन रहे, क्योंकि कोई अधिकार ऐसा नहीं जो परमेश्‍वर की ओर से न हो; और जो अधिकार हैं, वे परमेश्‍वर के ठहराए हुए हैं।”
हमें सामाजिक मानदंडों की सीमाओं के भीतर रहना चाहिए। परमेश्वर ने हमें उन लोगों से डरने और उनका सम्मान करने की आज्ञा दी है जिनके पास हमारे आत्मिक और शारीरिक जीवन दोनों में अधिकार है। परमेश्वर सरकारी अधिकारियों को एक कारण से अधिकार देता है, और इसलिए, हमें उनकी उपेक्षा नहीं करनी चाहिए। हमें पौलुस के इस कथन को याद रखना चाहिए, “आपस के प्रेम को छोड़ और किसी बात में किसी के कर्जदार न हो” (रोमियों १३:८)।

 

https://www.bjnewlife.org/ 
https://youtube.com/@TheNewLifeMission 
https://www.facebook.com/shin.john.35