Show notes
शाइस्ता खान की शिकस्त और सूरत पर छापे ने औरंगज़ेब को दोहरी चोट दे गया था। औरंगज़ेब अब पागल हाथी की तरह शिवाजी को मरने के बारे में सोचने लगा। अब तक उसने जो भी षड्यंत्र शिवाजी के ख़िलाफ़ रचा था। उसमे उसे मुँह की खानी पड़ी थी। इस बार ऐसी कोई भी गलती न करते हुए औरंगज़ेब ने शिवाजी के ख़िलाफ़ फिर षड़यंत्र रचने लगा। आख़िर क्या था वो षड़यंत्र जानेगे इस एपिसोड में।



