Show notes
कौन नहीं चाहताउसका नाम हो जाए?जिंदगी में एक हंसीमुकाम हो जाए ।पर!पर यह पानी पीने जैसी तो चीज नहींभला कैसे यह कठिन काम हो जाए।समय के पास समय नहीं किसभी का सुनेसभी का हो जाएऔर सभी के लिएकुछ पद दे जाए।आकाश में असंख्य तारे हैंजिनमें सूर्य भी एक हैक्या संभव है,सभी तारे सूर्य हो जाए ?और यदि ऐसा हो भी जाएतो सारी सृष्टि खाक हो जाए।क्या संभव हैसभी का नाम हो जाए?MUKESH KUMAR SONINET Qualified in YogaM.A. in Yoga,M.A. in Hindi,Post Graduate in Yoga and NaturopathyM-9836783469,9088102430--- Support this podcast: https://podcasters.spotify.com/pod/show/mukeshsoni/support



